काठमाण्डू, २४ आसिनः राष्ट्रपति रामचन्द्र पौडेल बदैल रहल विश्व परिवेशअनुसार शिक्षा प्रणालीकेँ परिमार्जन करैत विद्यार्थीकेँ भविष्यके चुनौती सामना आ अवसरके सदुपयोग करएमे सक्षम बनेबाक चाही बताैलैन अइछ ।
पशुपति मित्र माध्यमिक विद्यालयक ८०म वर्षके अवसरमे आइ एत आयोजित समारोहमे ओ विज्ञान, प्रविधि आ कृत्रिम बौद्धिकताके तीव्र विकाससङे शिक्षा प्रणालीके स्वरूप परिवर्तन भ रहल बतौलैन ।
राष्ट्रप्रतिके जिमेवारीकेँ हृदयमे उतारैत सामाजिक सद्भावकेँ शिक्षाके अभिन्न अङ्ग बनेबाक चाही आ देशक भविष्य निर्माण करएबला आधार शैक्षिक प्रणाली भेलासँ विद्यार्थीमे अनुशासन, इमानदारी, परिश्रम, सदाचार, देशप्रेम आ उत्तरदायित्व जकाँ गुण विकास करबाक जरुरी रहल बतौलैन ।
आजुक विद्यार्थी भविष्यके शिक्षक, चिकित्सक, इन्जिनियर, प्रशासक, उद्यमी, राजनीतिज्ञ, वैज्ञानिक तथा जिमेवार नागरिक भेलासँ हुनकासभकेँ पाठ्यपुस्तकके ज्ञान आ परीक्षामे उच्च अङ्कमे मात्र सीमित नै रहबाक चाही ओ बतौलैन ।
विद्यार्थीकेँ समस्या समाधान, प्रविधिके सदुपयोग लेल सरकार, नीतिनिर्माता आ शिक्षा क्षेत्रसँ सरोकारवाला सब पक्षबीच सहकार्य आवश्यक रहल कहलैन । (रासस)













